संपत्तिकर एवं जलकर की वसुली सख्ती से की जावे-आयुक्त

देवास। नगर निगम की आय के प्रमुख स्त्रोत संपत्तिकर, जलकर, कचरा संग्रहण शुल्क, निगम स्वामित्व की दुकान किराये की वसुली की समीक्षा आयुक्त रजनीश कसेरा के द्वारा राजस्व अधिकारी झोन क्रमांक 1 प्रवीण पाठक, राजस्व अधिकारी झोन क्रमांक 2 प्रदीप शास्त्री, राजस्व निरीक्षको व उनके सहायको के साथ बैठक आहूत कर की गई। आयुक्त ने राजस्व अधिकारियो से चालु वित्तीय वर्ष मे डिमाण्ड अनुसार की जा रही वसुली की जानकारी ली तथा निगम सीमा क्षेत्र मे स्थित कुल संपत्तिकरदाताओ के खातो की जानकारी ली तत्पश्चात वार्डवार वार्डाे की संपत्तिकर वसुली की जानकारी की समीक्षा की। संपत्तिकर एवं जलकर की जा रही वसुली संतोषप्रद नही होने से दोनो झोन प्रभारियो को आगामी 7 दिवस मे वसुली मे प्रोग्रेस लाने एवं व्यवसायिक प्रतिष्ठानो तथा भूमि, भवन स्वामियो जिनके द्वारा बकाया राशि जमा नही की उनसे सतत सम्पर्क कर बकाया राशि जमा करवाये जाने हेतु कहा साथ ही औद्योगिक क्षेत्र से डिमाण्ड अनुसार वसुली नही होने पर उपायुक्त वित्त पुनित शुक्ला को औद्योगिक क्षेत्र से वसुली किये जाने के लिए फोकस किये जाने हेतु कहा। निगम स्वामित्व के जिन प्रतिष्ठानो से करो की राशि जमा नही हुई है उनसे राशि जमा करवायें। संपत्तिकर, जलकर के बडे बकायादारो के द्वारा बकाया राशि जमा नही की जाती है तो कुर्की की कार्यवाही प्रस्तावित करने हेतु कहा। निगम स्वामित्व की ऐसी दुकाने जिनके द्वारा करो की राशि जमा नही की जा रही है उनसे राशि जमा करवाये राशि जमा नही किये जाने की दशा मे दुकानो पर तालाबंदी किये जाने के निर्देश दोनो राजस्व अधिकारियो को दिये। आयुक्त ने सभी वार्ड प्रभारियो से लक्ष्यानुरूप संपत्तिकर एवं जलकर की राशि की वसुली की जाने के निर्देश दिये।